खाद बीज की उपलब्धता, वितरण की अद्यतन जानकारी प्रतिदिन देना होगा-कलेक्टर पी.एस.एल्मा

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कुपोषित बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्रों से स्वास्थ्य लाभ देने पर जोर समय सीमा की बैठक में कलेक्टर ने दिए निर्देश

धमतरी | ज़िले के ऐसे सभी किसान जो मुख्यमंत्री वृक्षारोपण योजना के तहत धान के बदले पौधरोपण करने की सहमति दिए हैं, उनकी हर रोज अद्यतन जानकारी देने कलेक्टर  पी.एस.एल्मा ने उप संचालक कृषि को निर्देश दिए हैं। इसमें कृषि और उद्यानिकी विभाग के तहत विकासखंडवार किसान, धान के बदले पौधरोपण का रकबा और पौधों के प्रकार संबंधी जानकारी उप संचालक कृषि को देना होगा। इसके साथ ही कलेक्टर ने खरीफ वर्ष 2021-22 का कुल क्षेत्राच्छादन, धान, दलहन-तिलहन का रकबा, रोपाई, बियासी की प्रगति की जानकारी आज शाम तक उपलब्ध कराने कहा है। गौरतलब है कि वे  सुबह 11 बजे से वे कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय सीमा की बैठक ले रहे थे। इस दौरान उन्होंने उक्त निर्देश उप संचालक कृषि को दिए। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती प्रियंका महोबिया, अपर कलेक्टर श्री दिलीप अग्रवाल सहित ज़िला स्तरीय अधिकारी और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी जुड़े रहे। बैठक में कलेक्टर ने ज़िला विपणन अधिकारी को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, कि ज़िले में खाद-बीज की उपलब्धता, मांग, वितरण इत्यादि की जानकारी प्रतिदिन उन्हें सुचारू रूप से दी जाए। उन्होंने गोधन न्याय योजना के तहत गौठानों में गोबर खरीदी, भुगतान, खाद और सुपर कंपोस्ट की बिक्री इत्यादि संबंधी जानकारी क्लस्टर प्रभारियों से ली। साथ ही उन्हें संबंधित गौठानों की सतत मॉनिटरिंग करने पर बल दिया।


बैठक में कलेक्टर ने ज़िला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास को साफ तौर पर निर्देश दिए हैं कि कुपोषित बच्चों को ज़िले के विभिन्न पोषण पुनर्वास केंद्रों में भेजकर स्वास्थ्य लाभ की सुविधा सुचारू रूप से देना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने वजन त्योहार की एमआईएस एंट्री भी जल्द पूरा करने के सख्त निर्देश इस मौके पर दिए, जिससे बच्चों में कुपोषण का सही आंकड़ा मिल सके। इसके साथ ही कलेक्टर ने ’कैच द रैन, व्हेयर इट फॉल्स, व्हेन इट फॉल्स’ के तहत जल शक्ति अभियान की गतिविधियों की समीक्षा की। इसके तहत जिले की ऐसी सभी जल संरचनाओं, जल स्त्रोत और जल भंडार की अद्यतन रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए, जिससे उक्त सूची के आधार पर जिले की कार्ययोजना बनाकर पोर्टल में अपलोड किया जा सके। बैठक में मुख्यमंत्री जन चौपाल, कलेक्टर जन चौपाल, उच्च कार्यालयों से प्राप्त पत्र तथा विभिन्न विभागों में लंबित समय सीमा के प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने इनके त्वरित और गुणवत्तायुक्त निराकरण के निर्देश दिए हैं।