
धमतरी। धमतरी-बस्तर राष्ट्रीय राजमार्ग पर पुटटू ढाबा के आगे स्थित राइस मिल के पास बुधवार देर रात एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। रायपुर से जगदलपुर जा रही मनीष ट्रेवल्स की यात्री बस और एक हाईवा के बीच आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में बस का कंडक्टर और एक यात्री घायल हो गए, जबकि बस में सवार अन्य सभी यात्रियों की जान बाल-बाल बच गई।
जानकारी के अनुसार, मनीष ट्रेवल्स की बस क्रमांक CG 07 CQ 4300 बुधवार रात रायपुर से जगदलपुर की ओर जा रही थी। इसी दौरान पुटटू ढाबा के आगे राइस मिल के पास सामने चल रहा हाईवा क्रमांक CG 05 AB 5638 अचानक राइस मिल की ओर मुड़ गया। इससे पीछे से आ रही बस सीधे हाईवा से टकरा गई। टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए।
हादसे के समय बस में बड़ी संख्या में यात्री सवार थे। अधिकांश यात्री सो रहे थे, जिससे अचानक हुई टक्कर के बाद बस में चीख-पुकार मच गई। दुर्घटना में रायपुर निवासी बिशाल सिन्हा (40 वर्ष) घायल हो गए, जो अपने परिवार के साथ तोकापाल जा रहे थे। वहीं बस के कंडक्टर खिलेन्द्र वर्मा (32 वर्ष) को भी चोटें आईं। दोनों घायलों को तत्काल इलाज के लिए धमतरी स्थित श्री राम अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। राहत की बात यह रही कि अन्य किसी यात्री के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना नहीं है।
सूचना मिलते ही पहुंची वरदान एम्बुलेंस
वरदान परमार्थ सेवा समिति के शिवा प्रधान ने बताया कि दुर्घटना की सूचना मिलते ही वे डोमन साहू के साथ तत्काल घटनास्थल पहुंचे। दोनों ने घायलों को प्राथमिक सहायता प्रदान की और बिना समय गंवाए वरदान एम्बुलेंस से श्री राम अस्पताल पहुंचाया। समय पर उपचार मिलने से घायलों की स्थिति फिलहाल सामान्य बताई जा रही है।
पुरूर पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की जानकारी मिलते ही पुरूर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाकर यातायात बहाल कराया। प्रारंभिक जांच में हाईवा के अचानक राइस मिल की ओर मुड़ने को हादसे का संभावित कारण माना जा रहा है। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।
स्थानीय लोगों ने उठाए सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि पुटटू ढाबा और राइस मिल के आसपास पहले भी कई सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। इसके बावजूद इस क्षेत्र में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि यहां भारी वाहनों की आवाजाही पर निगरानी बढ़ाई जाए, गति सीमा का कड़ाई से पालन कराया जाए तथा चेतावनी संकेत और अन्य सुरक्षा उपाय किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।





