कार्य की गुणवत्ता, श्रमिकों की उपस्थिति एवं मानव दिवस के संधारण की समीक्षा कर निर्धारित समय-सीमा में निर्माण पूर्ण करने के दिए निर्देश
धमतरी । जिले में मखाना उत्पादन को प्रोत्साहित करने तथा कृषि आधारित आजीविका के नए अवसर विकसित करने की दिशा में जल संरचनाओं का निर्माण किया जा रहा है। इसी क्रम में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री जयंत नाहटा ने कुरुद विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत चर्रा स्थित उद्यानिकी महाविद्यालय में मखाना उत्पादन के लिए निर्माणाधीन डबरी का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लेते हुए डबरी की गहराई, कार्य की गुणवत्ता, श्रमिकों की उपस्थिति, मस्टर रोल के संधारण तथा सृजित मानव दिवस की जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान सीईओ जिला पंचायत ने निर्देश दिए कि निर्माण कार्य निर्धारित तकनीकी मापदंडों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण तरीके से निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कराए जाएं। उन्होंने श्रमिकों की उपस्थिति का नियमित संधारण करने तथा मस्टर रोल में कार्यरत श्रमिकों एवं सृजित मानव दिवस का सही-सही अभिलेखन सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी की जाए, ताकि कार्यों में पारदर्शिता बनी रहे और गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न हो।
चार गांवों में स्वीकृत हैं डबरी निर्माण कार्य
उद्यानिकी महाविद्यालय की मांग के आधार पर जिले के ग्राम चर्रा, मोंगरा, कातलबोड़ एवं बानगर में मखाना उत्पादन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से डबरी निर्माण कार्य स्वीकृत किए गए हैं। इन जल संरचनाओं के विकास से मखाना उत्पादन के लिए आवश्यक जल उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में मदद मिलेगी। साथ ही, स्थानीय स्तर पर कृषि एवं उद्यानिकी आधारित गतिविधियों को बढ़ावा देने की संभावनाएं विकसित होंगी।
सीईओ जिला पंचायत ने ग्राम चर्रा में आंगनबाड़ी केंद्र का भी अवलोकन किया तथा वहां उपलब्ध सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। इसके पश्चात उन्होंने महतारी सदन के निर्माण कार्य का निरीक्षण कर प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए निर्धारित मापदंडों के अनुरूप कार्य समय पर पूर्ण कराएं, ताकि इन परिसंपत्तियों का लाभ संबंधित हितग्राहियों एवं समुदाय को मिल सके।
निरीक्षण के दौरान सीईओ जनपद पंचायत श्री अमित सेन सहित संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।







