
नशामुक्ति, यातायात सुरक्षा, साइबर अपराध से बचाव और राहवीर योजना की दी जानकारी, विद्यार्थियों से समाज में जागरूकता फैलाने की अपील
धमतरी। जिले में नशामुक्त समाज और सुरक्षित यातायात के उद्देश्य से धमतरी पुलिस लगातार जनजागरूकता अभियान चला रही है। इसी कड़ी में पुलिस अधीक्षक श्रीमती भावना पांडेय के निर्देशन में यातायात पुलिस ने ग्राम देमार स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में नशामुक्ति, यातायात सुरक्षा, राहवीर (गुड सेमेरिटन) योजना तथा साइबर अपराध से बचाव विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को नशे के दुष्परिणामों, सड़क सुरक्षा नियमों, साइबर अपराधों से बचाव के उपायों तथा सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति की समय पर सहायता करने के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों से अपील की कि वे स्वयं जागरूक नागरिक बनें और अपने परिवार व समाज में भी नशामुक्ति, सुरक्षित यातायात तथा साइबर सुरक्षा का संदेश पहुंचाएं।
नशे से दूर रहने की दी सीख
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को नशीले पदार्थों के सेवन से होने वाले शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक नुकसान के बारे में बताया गया। पुलिस ने युवाओं से नशे से दूर रहने और अपने आसपास के लोगों को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया।
यातायात नियमों का पालन करने की अपील
विद्यार्थियों को हेलमेट और सीट बेल्ट के उपयोग का महत्व, तेज गति से वाहन चलाने के खतरे, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग नहीं करने, नशे की हालत में वाहन नहीं चलाने तथा नाबालिगों को वाहन नहीं देने जैसी महत्वपूर्ण यातायात संबंधी जानकारियां दी गईं। पुलिस ने विद्यार्थियों से कहा कि वे स्वयं नियमों का पालन करें और अपने अभिभावकों व परिचितों को भी सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करें।
राहवीर योजना की दी जानकारी
कार्यक्रम में राहवीर (गुड सेमेरिटन) योजना की जानकारी देते हुए बताया गया कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को समय पर अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने में आम नागरिक की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। विद्यार्थियों को दुर्घटना पीड़ितों की सहायता के लिए आगे आने के लिए प्रेरित किया गया।
साइबर ठगी से बचने के बताए उपाय
पुलिस ने विद्यार्थियों को ऑनलाइन ठगी, फर्जी लिंक, ओटीपी फ्रॉड, बैंकिंग धोखाधड़ी, सोशल मीडिया पर अज्ञात लोगों से संपर्क, फर्जी कॉल और अन्य साइबर अपराधों के तरीकों के बारे में जानकारी दी। साथ ही समझाया कि ओटीपी, पिन, पासवर्ड और बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी किसी भी अनजान व्यक्ति से साझा न करें तथा किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें।
बड़ी संख्या में शिक्षक और विद्यार्थी रहे मौजूद
कार्यक्रम में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय देमार के प्राचार्य देवनाथ साहू, यातायात प्रभारी उपनिरीक्षक खेमराज साहू, आरक्षक राजीव साहू सहित यातायात स्टाफ, विद्यालय के व्याख्याता द्वारिका राम साहू, बी.आर. साहू, सीमा देवांगन, दीप्ति शुद्ध सोनी, भागवत सिन्हा, जीवन लाल साहू, संतराम देवांगन, हरप्रीत कौर छाबड़ा, ज्योति साहू, कमल कुमार गंधर्व, नीलम गौतम, ग्रंथालय प्रभारी डोमन लाल साहू, पीटीआई प्रखर श्रीवास्तव, सहायक अध्यापक डी.आर. मंडावी, धनसिंह नेताम, करुणा नायर, कार्यालय प्रभारी एम.आर. साहू, एम.के. साहू, व्यवसायिक शिक्षिका गंगोत्री साहू, दीप शिक्षा तिवारी, भृत्य जुगल किशोर साहू, भुवनेश्वर कुंजाम, डेमन यादव तथा विद्यालय के बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
धमतरी पुलिस ने बताया कि जिले के स्कूलों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में इस तरह के जागरूकता कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि नशामुक्त, सुरक्षित और साइबर अपराध मुक्त समाज के निर्माण में युवाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित हो सके।






