
कथित शराब घोटाले की जांच में सुबह-सुबह पहुंची टीम, दस्तावेज और वित्तीय रिकॉर्ड खंगाल रही एजेंसी
धमतरी। शहर में गुरुवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष एवं नेता रामगोपाल अग्रवाल के धमतरी स्थित निवास पर दबिश दी। कथित छत्तीसगढ़ शराब घोटाले से जुड़े मामले में हुई इस कार्रवाई के बाद शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म है।
जानकारी के मुताबिक, ED की टीम गुरुवार सुबह करीब दो अलग-अलग वाहनों से रामगोपाल अग्रवाल के निवास पहुंची। टीम में सुरक्षा बलों समेत करीब 8 सदस्य शामिल बताए जा रहे हैं। घर के बाहर सुरक्षा व्यवस्था तैनात कर टीम ने अंदर दस्तावेजों, रिकॉर्ड और अन्य जरूरी कागजात की जांच शुरू कर दी।
सुबह से जारी है जांच
ED की कार्रवाई सुबह से ही जारी है। टीम घर के अंदर विभिन्न दस्तावेजों और वित्तीय रिकॉर्ड को खंगाल रही है। हालांकि, तलाशी के दौरान अब तक क्या-क्या मिला है, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। ED की ओर से भी फिलहाल इस कार्रवाई को लेकर कोई विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
कथित शराब घोटाले से जुड़ा मामला
रामगोपाल अग्रवाल का नाम छत्तीसगढ़ के कथित 3000 करोड़ रुपये के शराब घोटाला मामले की जांच में सामने आया है। ED इस मामले में कथित मनी ट्रेल और वित्तीय लेनदेन की जांच कर रही है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, जांच का दायरा शराब के साथ कथित कोल लेवी और कस्टम मिलिंग से जुड़े मामलों तक भी बताया जा रहा है।
पहले से जांच एजेंसी की कार्रवाई के घेरे में
रामगोपाल अग्रवाल को कथित शराब घोटाले से जुड़े मामले में ED द्वारा गिरफ्तार किए जाने की भी रिपोर्ट सामने आई है। अब धमतरी स्थित उनके निवास पर हुई ताजा कार्रवाई को जांच की अगली कड़ी के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, तलाशी से बरामदगी या किसी नए निष्कर्ष की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
शहर में बढ़ी हलचल
सुबह-सुबह हुई इस कार्रवाई की खबर फैलते ही धमतरी के राजनीतिक और सामाजिक हलकों में हलचल तेज हो गई। रामगोपाल अग्रवाल के करीबी लोगों में भी इसे लेकर चर्चा बनी हुई है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि ED की तलाशी के बाद जांच एजेंसी की ओर से क्या जानकारी सामने आती है।
फिलहाल ED की कार्रवाई जारी है। दस्तावेजों की जांच पूरी होने और आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि टीम को जांच में क्या अहम सुराग या दस्तावेज मिले हैं।
कांग्रेसियों ने आवास के सामने की जमकर नारेबाजी
कार्रवाई की सूचना मिलने पर कांग्रेसी रामगोपाल के निवास पहुंचे। घर के सामने धरना में बैठकर जमकर नारेबाजी की। विधायक ओंकार साहू ने कहा कि जब रामगोपाल अग्रवाल ईडी के गिरफ्त में हैं तो आखिर किस उद्देश्य से उनके घर यह छापामार कार्रवाई की गई है। इससे कांग्रेस पार्टी डरने वाली नहीं है। केन्द्र और राज्य सरकार कितना भी सीबीआई, ईडी, आईटी का डर दिखा ले हम डरने वाले नहीं है। केन्द्र और राज्य सरकार कितना भी सीबीआई, ईडी, आईटी का डर दिखा ले हम डरने वाले नहीं हैं। इसे सहन नहीं किया जायेगा। जब-जब भूपेश बघेल का जन्मदिन आता है तब-तब कांग्रेसियों पर कार्यवाही की जाती है। उनके करीबियों को टारगेट बनाया जाता है। कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता शैलेष नितिन त्रिवेदी ने कहा कि यह केन्द्र के सरकार को जब-जब अपनी सत्ता उखड़ती दिखती है तब-तब वे अपना शिकंजा कांग्रेस और विपक्ष के नेताओं पर कसते हैं। जिस प्रकार से राजनीतिक दलों में मोर्चा संगठन होता है उसी तरह ईडी, सीबीआई, आईटी को भाजपा ने अपने मोर्चा का संगठन बना लिया है। विपक्ष के खिलाफ केन्द्रीय एजेंसियों का दुरुपयग पूरी तरह गलत है। कांग्रेस और धमतरीवासियों में नाराजगी है। जिलाध्यक्ष तारिणी चंद्राकर ने कहा कि यह ईडी की कार्यवाही पूर्णतः अनुचित है, हम इसका घोर विरोध करते हैं। आगे दूध का दूध और पानी का पानी हो जायेगा। पूर्व विधायक लेखराम साहू ने कहा कि ईडी की यह कार्यवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। भाजपा सरकार द्वारा सिर्फ परेशान करने के उद्देश्य से यह कार्यवाही की जाती है। प्रदर्शन के दौरान शरद लोहाना, मोहन लालवानी, विपिन साहू, विजय देवांगन, अरविंद दोषी, आकाश जैन, गौतम वाधवानी, योगेश शर्मा, दीपक सोनकर, राजा देवांगन, सलीम रोकड़िया, होरीलाल साहू, राजा जाचक, सूर्याराव पवार, साहिल अहमद, राजेश पांडे, सूर्यप्रभा चेटियार, शास्त्री सोनवानी, गीतराम सिन्हा सहित अन्य कांग्रेसी मौजूद थे।