धमतरी | कोरोना संक्रमण की महामारी से बचने जहां देशभर में लॉकडाउन है, ऐसे समय में अगर किसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीज को आवश्यक दवाइयां घर पर ही उपलब्ध हो जाए तो? ऐसा ही कुछ पिछले दिनों धमतरी के रामसागर पारा स्थित शिव चैक निवासी श्री अनिल यादव के साथ हुआ। वे फेफड़े की गम्भीर बीमारी से ग्रसित हैं। उनका ईलाज नागपुर के श्री गायत्री आयुर्वेद अस्पताल में चल रहा है। उनकी बीमारी को देखते हुए वहां के चिकित्सकों ने किसी भी स्थिति में दवाई को लगातार चार माह तक लेने की सलाह दी। लॉकडॉउन के पहले

मुख्य चिकित्सा और स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.डी. के तुर्रे ने आयुर्वेदिक दवाइयों की पर्ची देख तुरंत आयुर्वेद अधिकारी से संपर्क किया। उन्होंने पर्ची में दवाइयों का पता लगाया यह धमतरी के किसी भी मेडिकल दुकान में उपलब्ध नहीं थीं। आयुर्वेद अधिकारी ने तत्काल निजी आयुर्वेद चिकित्सक से सम्पर्क कर मरीज के लिए एक माह की दवा संकलित की और महज दो घंटे के भीतर ही स्वयं घर पहुँच मरीज को दवाइयां उपलब्ध कराई। प्रशासन की फौरी कार्रवाई से चकित और प्रसन्न होकर मरीज के बड़े भाई ने कहा कि मात्र एक व्हाट्सअप मैसेज को संज्ञान में लेकर जिस तरह से प्रशासनिक अमले ने इस संकट की घड़ी में श्री बंसल के निर्देश पर कार्रवाई की वह इंसानियत और संवेदनशीलता की एक मिसाल है। उन्होंने कलेक्टर सहित प्रशासन के सहयोग के लिए आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद भी दिया जिनकी बदौलत उनके भाई को बिना नागपुर जाए धमतरी में ही दवाइयां उपलब्ध करा दी गई।