संस्कार विहीन वक्तव्य देना कांग्रेस की संस्कृति : रंजना साहू

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धमतरी| भारतीय जनता पार्टी की एकमात्र महिला विधायक रंजना डीपेंद्र साहू ने महिला वर्ग पर संस्कार विहीन, अशोभनीय, अमर्यादित टिप्पणी राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष किरणमई नायक द्वारा किए जाने पर घोर भर्त्सना की है | उन्होंने आगे कहा है कि भारतीय समाज में नारी को शक्ति स्वरूपा के रूप में पूजा की जाती है| मातृशक्ति संस्कार की जननी होती है। जिस मानसिकता से लिव इन रिलेशनशिप संबंधित बयान दिया गया है, वह पश्चातवादी की भोग संस्कृति का परिचायक है, लेकिन कांग्रेस की कुत्सित मानसिकता के विपरीत भारतीय जनता पार्टी भारत माता सहित धरती, गंगा, तुलसी में आस्था व श्रद्धा का भाव रखते हुए मां के रूप में पूजन करते हैं, निहारते हैं। इसके विपरीत राष्ट्रवाद जैसी मामले को भी अनेक अवसरों पर चुनौती देते हैं।

भारतीय जनता पार्टी की प्रखर नेत्री तथा ओजस्वी वक्ता विधायक श्रीमती साहू ने छत्तीसगढ़ महतारी की सेवा करने वाली सभी मातृ शक्तियों को आत्मसात करते हुए कहा है कि नारी शक्ति के स्वाभिमान व सम्मान को ठेस पहुंचाने वाली स्तरहीन  बयान का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए अब समय आ गया है | सभी महिलाएं अब रानी दुर्गावती, रानी लक्ष्मीबाई की तरह आगे आकर समाज के ऐसे विघ्नासंतोषी अमानुषिक बयान देने वाले मानसिक दिवालियापन के परिचायक लोगों का प्रत्येक मंच पर विरोध करे| विधायक रंजना डिपेंद्र साहू के साथ भाजपा जिला उपाध्यक्ष श्यामा साहू, पूर्व जिला उपाध्यक्ष बिथिका विश्वास, जिला पंचायत सदस्य दमयंती केशव साहू, अनिता  ध्रुव, जनपद सदस्य जागेश्वरी राकेश साहू, धनेश्वरी साहू, रुपाली ध्रुव, पूर्णिमा बनपेला, चंद्रकला बंजारे, पार्षद सरिता असाई, रश्मि त्रिवेदी, नीलू डागा, सुशीला तिवारी, श्यामा साहू, प्राची सोनी, सरपंच अनिता, ओमबाई साहू, उर्वशी यादव, किरण सिन्हा , उषा साहू, शीतल मीनपाल, खिलेश्वरी साहू, राधिका साहू, आशा बघेल, ललिता ध्रुव, नेहा साहू, मोहनंदनी, नितेश्वरी साहू, नंदनी साहू, सरस्वती सिन्हा, सरिता यादव, ममता सिन्हा, अनिता अग्रवाल, मीना यादव, रूपा नामदेव, संतोषी साहू, सहित विभिन्न महिलाओं ने भी विरोध किया |

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