
संविलियन की विसंगतियां ने 20 साल की सेवा को किया शून्य, नियमों की पेंच में फंसे हजारों शिक्षक, परिजन संकट में
धमतरी | एलबी संवर्ग के शिक्षक सेवानिवृत्ति के बाद सम्मानजनक जीवन जीने के बजाय आर्थिक तंगी से जूझने को मजबूर हैं। शासन प्रशासन की जटिल प्रक्रियाओं और विसंगति पूर्ण नीतियों ने वर्षों की सेवा को व्यर्थ बना दिया है। संविलियन के दौरान पूर्व की 20 वर्षों तक की सेवा अवधि को शून्य मान लिए जाने से बड़ी संख्या में शिक्षक पेंशन के अधिकार से वंचित हो गए हैं। छत्तीसगढ़ी टीचर्स एसोसिएशन के धमतरी जिला अध्यक्ष डॉ भूषण लाल चंद्राकार, प्रदेश उपाध्यक्ष देवनाथ साहु, प्रदेश कोषाध्यक्ष शैलेंद्र पारीक, जिला सचिव बलराम तारम, ब्लॉक अध्यक्ष गेवाराम नेताम, दिनेश कुमार साहू, शैलेंद्र कौशल, रमेश कुमार यादव ने बताया कि छत्तीसगढ़ सामान्य प्रशासन विभाग के नियमों के अनुसार पूर्ण पेंशन के लिए 33 वर्ष की सेवा तथा न्यूनतम 10 वर्ष की सेवा पर अनुपातिक पेंशन का प्रावधान है। लेकिन 1 जुलाई 2018 से सेवा गणना किए जाने के कारण 2018 से पहले नियुक्त कई शिक्षक न्यूनतम पात्रता भी पूरी नहीं कर पा रहे हैं। परिणाम स्वरूप सेवानिवृत्ति के बाद शिक्षकों और उनके परिजनों को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। विशेष रूप से 1998 से नियुक्त शिक्षकों के लिए पेंशन अब केवल एक सपना बनकर रह गई है। नियमों की अस्पष्टता और विभागीय उदासीनता के चलते वर्षों से सेवा देने के बाद सेवानिवृत हो चुके प्रदेश के हजारों lb संवर्ग के कर्मचारी सहित जिले के सेवानिवृत शिक्षक सामाजिक सुरक्षा से वंचित हो रहे हैं । इस मुद्दे पर चिंता व्यक्त करते हुए छतीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन की पदाधिकारीयों ने इस संविलियन नीति पर गंभीर आपत्ति दर्ज की है। और मांग की है की एल बी संवर्ग के शिक्षकों की प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा अवधि की गणना सुनिश्चित की जाए। पेंशन नियम 1976 के तहत समस्त शिक्षा कर्मियों की सेवा को मान्यता दी जाए। पुरानी पेंशन योजना को पुनः लागू कर सेवानिवृत्ति पर अंतिम मूल वेतन का 50% आजीवन पेंशन देने का प्रावधान किया जाए। शासन द्वारा जारी आदेशों को पूर्ण रूप से लागू कर शिक्षकों को पेंशन सुरक्षा प्रदान की जाए। मांग करने वालों में जिला अध्यक्ष डॉ भूषण लाल चंद्राकार, प्रदेश उपाध्यक्ष देवनाथ साहु, प्रदेश कोषाध्यक्ष शैलेंद्र पारीक, प्रांतीय महिला प्रतिनिधि सविता छाटा, जिला महिला प्रतिनिधि बी यदु , जिला सचिव बलराम तारम, जिला उपाध्यक्ष नंद कुमार साहू, गणेश प्रसाद साहू, तीरथ राज अटल,एन आर बघेल, गेवाराम नेताम, दिनेश कुमार साहू ,शैलेंद्र कौशल, रमेश कुमार यादव, डॉ आशीष नायक, कैलाश प्रसाद साहू, राहुल नेताम, तुनेश्वरी साहू, परविंदर कौर गिल, बिंदु ध्रुव हरीश कुमार साहू, टीकमचंद सिन्हा, शेषनारायण साहू, अशोक साहू, सहित शिक्षक एवं पदाधिकारी गण शामिल है।





