कलेक्टर ने युवाओं से नशे से दूर रहकर खेल, शिक्षा और रचनात्मक गतिविधियों से जुड़ने का किया आह्वान,
ग्रामीणों, महिलाओं, युवाओं और स्कूली बच्चों ने लिया नशामुक्त समाज बनाने का संकल्प
धमतरी | जिले में नशे के दुष्परिणामों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने और युवाओं को नशे से दूर रखने के उद्देश्य से जिला प्रशासन, समाज कल्याण विभाग एवं माय भारत के संयुक्त तत्वावधान में ग्राम बनबगोद में नशामुक्ति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ग्रामीणों, युवाओं, महिलाओं और स्कूली बच्चों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई तथा नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया।
नशा व्यक्ति ही नहीं, पूरे परिवार और समाज को करता है प्रभावित
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने कहा कि नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को प्रभावित नहीं करता, बल्कि पूरे परिवार की खुशहाली और समाज की प्रगति में बाधक बनता है। उन्होंने युवाओं से नशे से पूरी तरह दूर रहने तथा खेल, शिक्षा, कला, संस्कृति और अन्य रचनात्मक गतिविधियों से जुड़कर अपनी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि बच्चे और युवा समाज की सबसे बड़ी शक्ति हैं। पालकों द्वारा उनकी शिक्षा, संस्कार और भविष्य में किया गया निवेश ही मजबूत एवं विकसित समाज की नींव तैयार करता है।
23 गांवों की पानी की समस्या का होगा स्थायी समाधान
कलेक्टर श्री मिश्रा ने क्षेत्र में किए जा रहे विकास कार्यों की जानकारी देते हुए कहा कि फुटहामुड़ा परियोजना के पूर्ण होने से क्षेत्र के 23 गांवों की पानी की समस्या का स्थायी समाधान होगा। नरहरा जलप्रपात को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
उन्होंने कुकरेल-नरहरा मार्ग का कार्य आगामी माह तक पूर्ण करने, कुकरेल में आईटीआई प्रारंभ करने तथा सड़क, बस स्टैंड और हॉस्टल जैसी आवश्यक सुविधाओं के विस्तार की बात कही।
वन्यजीव संरक्षण में सहयोग की अपील
कलेक्टर ने ग्रामीणों से वन्यजीवों के संरक्षण में सक्रिय सहयोग देने तथा वन्यजीवों का शिकार नहीं करने की अपील की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की प्राकृतिक संपदा का संरक्षण ही भविष्य में पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत आधार प्रदान करेगा।
नशामुक्ति अभियान में सक्रिय 30 महिलाओं का सम्मान
इस अवसर पर नशामुक्ति अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने वाली ग्राम की 30 महिलाओं को टोपी एवं सीटी प्रदान कर सम्मानित किया गया। इन महिलाओं द्वारा गांव में सुबह-शाम जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से नशे के विरुद्ध वातावरण तैयार किया जा रहा है। सामाजिक एवं सामुदायिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए ग्राम में सामुदायिक भवन की स्वीकृति भी प्रदान की गई।
दिव्यांग विद्यार्थियों ने नाटक के माध्यम से दिया जागरूकता संदेश
कार्यक्रम में शासकीय श्रवण बाधितार्थ कन्या विद्यालय के दिव्यांग छात्र-छात्राओं एवं माय भारत के वॉलंटियर्स ने नशे के दुष्परिणामों पर आधारित प्रभावशाली नाटक प्रस्तुत किया। नाटक के माध्यम से नशे से होने वाली शारीरिक, मानसिक, पारिवारिक और सामाजिक क्षति को सहज एवं प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया, जिसे उपस्थित ग्रामीणों ने खूब सराहा।
कलेक्टर ने दिलाई नशामुक्ति की शपथ
कार्यक्रम के समापन अवसर पर कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने ग्रामीणों, युवाओं एवं स्कूली बच्चों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई। उपस्थित जनसमुदाय ने नशे से स्वयं दूर रहने, दूसरों को भी नशे से बचाने तथा स्वस्थ, जागरूक और नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया।
