
पशुधन को खुरहा-चपका रोग से बचाने व्यापक पहल, घर-घर पहुंचेंगी टीमें
धमतरी | छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशानुसार जिले में पशुधन को खुरहा-चपका (एफएमडी) रोग से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से “एफएमडी मुक्त भारत” टीकाकरण अभियान प्रारंभ कर दिया गया है। Livestock Health & Disease Control Programme (LH&DC) के अंतर्गत संचालित यह विशेष अभियान 15 मार्च 2026 से 30 अप्रैल 2026 तक जिले के सभी ग्रामों में चलाया जा रहा है , जिसमें पशुओं का निःशुल्क टीकाकरण किया जा रहा है। उप संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं धमतरी, डॉ. अवधेश कुमार मरकाम ने बताया कि खुरहा-चपका (एफएमडी) एक अत्यंत संक्रामक विषाणु जनित रोग है, जो संक्रमित पशुओं से अन्य स्वस्थ पशुओं में तेजी से फैलता है। इस रोग से ग्रसित पशुओं में तेज बुखार, मुंह, मसूड़ों, जीभ, खुर एवं थनों में छाले पड़ना, जुगाली बंद होना, लंगड़ापन तथा दुग्ध उत्पादन में कमी जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। यह रोग पशुधन उत्पादकता को प्रभावित करने के साथ-साथ पशु उत्पादों के निर्यात पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालता है। अभियान के सफल क्रियान्वयन हेतु जिले में पशु चिकित्सा विभाग द्वारा लगभग 60 टीमें गठित की गई हैं, जो गांव-गांव जाकर पशुपालकों के घरों, गौठानों एवं गोशालाओं में पहुंचकर टीकाकरण कार्य संपादित करेंगी। टीकाकृत पशुओं का विवरण टैग नंबर के माध्यम से भारत पशुधन एप में ऑनलाइन दर्ज किया जाएगा, जिससे पशुधन का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार हो सके।






