Home Latest कब्बडी भारत की प्राचीनतम खेल है-डीपेंद्र साहू

कब्बडी भारत की प्राचीनतम खेल है-डीपेंद्र साहू

युवा अपनी ऊर्जा का उपयोग सकारात्मक कार्यों में करें व सार्वजनिक कार्यो में भी अपनी सहभागिता दे

धमतरी । वनांचल ग्राम कसावाही में आदर्श क्लब एवम् ग्रामवासी के सहयोग से डे नाइट कबड्डी प्रतियोगिता का आयोजन गत दिवस किया गया था। जिसका पुरुस्कार वितरण व समापन समारोह विधायक प्रतिनिधि डीपेन्द्र साहू के मुख्य आतिथ्य में संपन्न हुआ। समापन अवसर पर खिलाड़ियों और युवा साथियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि कबड्डी भारत की प्राचीनतम खेल है।जो आज पर्यन्त तक पूरे उत्साह के साथ खेली जा रही है। वर्तमान में प्रो कबड्डी मैच के माध्यम से इसका वैश्विक विस्तार हुआ है। अब भारत के अलावा विश्व के कई देशों में खेली जा रही है।कबड्डी खेल से शारीरिक और मानसिक विकास होता है।इसे खेलने से शरीर मजबूत बनता है। क्योंकि कबड्डी जमीन से जुड़ा खेल है।इसके आयोजन से युवाओं में खेल भावना बढ़ती है साथ ही साथ स्वास्थ्य के प्रति लोगो में जागरूकता आती है। इस तरह के आयोजन से ग्रामीण खिलाड़ियों को जिला ,प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व का मौका मिलता है।

 

जनपद उपाध्यक्ष अवनेन्द्र साहू ने कहा कि वर्तमान में कबड्डी का महत्व स्कूल,कॉलेज से लेकर देश स्तर तक बढ़ता जा रहा है। इस खेल से बच्चे स्वस्थ रहते है और फुर्ती भी बढ़ती है।इस खेल का उद्भव भारत में हुआ और यह धीरे धीरे पुरे विश्व में खेली जा रही है। इस अवसर पर वीरेन्द्र साहू,कोमल सर्वा,भोजराज साहू,गोवर्धन मंडावी,मिथुन मंडावी,रेखराज कुंजाम,नरेंद्र यादव,हेमंत मंडावी,ओमकार मंडावी,मनीष उइके,संजय ध्रुव,दोमेश्वर टेकाम,खिलावन नेताम,रवि नेताम,अमन देवदास,दीपक ठाकुर,सूरज,कामदेव,आयोजक समिति के सदस्य और खेलप्रेमी उपस्थित थे।

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