
सेवा के साथ प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता भी आवश्यक — श्रीमती धनवती धनंजय किरी
धमतरी | तपती गर्मी में राहगीरों को शीतलता एवं राहत प्रदान करने हेतु 22 मई 2026 को शीतल मठा सेवा का आयोजन किया गया। अंतरराष्ट्रीय जैव विविधता दिवस के अवसर पर आयोजित इस सेवा कार्य के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण, संसाधनों के सदुपयोग एवं सामाजिक संवेदनशीलता का संदेश भी दिया गया। कार्यक्रम के दौरान राहगीरों, आमजन एवं आसपास के लोगों को शीतल मठा प्रदान किया गया। आयोजन में प्लास्टिक का कम से कम उपयोग करने का विशेष आग्रह किया जाता रहा। मठा वितरण में उपयोग किए जा रहे पेपर गिलासों का सावधानीपूर्वक उपयोग करने तथा एक बार उपयोग के बाद उसी गिलास में पुनः मठा ग्रहण करने हेतु लोगों को प्रेरित किया गया। इस पहल के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण एवं अनावश्यक अपव्यय को रोकने का संदेश सहजता से लोगों तक पहुंचाया गया। इस अवसर पर सौजन्यकर्ता श्रीमती धनवती धनंजय किरी ने कहा कि, सेवा कार्य तभी सार्थक होता है जब उसमें मानवता के साथ प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता भी जुड़ी हो। वहीं एआई एक्सपर्ट दुष्यंत किरी ने कहा कि छोटे-छोटे जागरूक प्रयास भी पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम में श्रीमती चंदा किरी , श्रीमती अंजना किरी एवं कमल किरी का विशेष सहयोग रहा। साथ ही वर्षा खंडेलवाल, सुलेखा जोशी, सरिता दोशी, संतोष साहू, राजा साहू एवं रिज़वान अली ने मठा सेवा में सक्रिय सहभागिता निभाई। सेवा कार्य के दौरान लगभग 2000 से अधिक लोगों ने शीतल मठा ग्रहण कर राहत महसूस की तथा आयोजन की सराहना की।






